Tag: Shayari
-

मोहब्बत से पाक है हमारी नफ़रत
तुम मुझसे नफ़रत करते हो,इसलिए मैं तुमसे नफ़रत करता हूँ,इस तरह मैं तुम सा हो जाता हूँ,लोग मोहब्बत में ही नहीं नफ़रत में भी करीब आते हैं,जेहनों दिल में एक से हो जाते हैं, वैसे मोहब्बत भी खूब कर के देखी,उसमें नफ़रत सी गहराई नहीं, नशा नहीं,कितनी भी सच्ची हो, लोग भुला देते हैं,नफ़रत अगर…

